टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग को सभी मास्टर प्लानों में रैड कैटागिरी वाले उद्योग के लिए अलग ज़ोन की व्यवस्था करने के लिए कहा

मोहाली में मैडीकल ऑक्सीजन प्लांट के विस्तार के लिए विशेष अनुमति

चंडीगढ़, 2 अगस्तः-पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने आज राज्य में औद्योगिक गतिविधियों को और अधिक बढ़ावा देने के प्रयास के तौर पर उद्योग की अलग-अलग श्रेणियों के लिए चेंज ऑफ लैंड यूज (सी.एल.यू.) को मंजूरी दे दी है।

मास्टर प्लान के खेती क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों की अनुमति देने की नीति के अंतर्गत सी.एल.यू., लाल लकीर या कम-से-कम 6 करम (30-33 फुट) पहुँच मार्ग की नजदीकी आबादी (कम-से-कम 50 पक्के मकान) के लिए क्रमवार 100 मीटर और 250 मीटर दूरी पर ग्रीन और आरेंज इंडस्ट्री के लिए लागू होने योग्य होगा।

मुख्यमंत्री ने टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग को रैड कैटागरी वाले उद्योग पर फिर से विचार करने के लिए कहा और सभी मास्टर प्लानों में ऐसे उद्योगों के लिए अलग जोन की व्यवस्था करने के हुक्म दिए।

उन्होंने मोहाली में मैडीकल ऑक्सीजन मैनुफ़ेक्चरिंग प्लांट के विस्तार के लिए विशेष अनुमति दी। उन्होंने टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग को ऐसे सभी प्लांटों को पूरा सहयोग देने के लिए कहा जिससे मैडीकल ऑक्सीजन के उत्पादन को बढ़ावा दिया जा सके।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के द्वारा पंजाब रीजनल एंड टाऊन प्लानिंग डिवेल्पमेंट बोर्ड की 42वीं मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री जो इसके चेयरमैन भी हैं, ने कहा कि सभी रैड, ग्रीन और आरेंज इंडस्ट्रियल ईकाईयों द्वारा पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के निर्धारित नियमों का पालन किया जाना चाहिए और ज़ीरो डिसचार्ज या सुधारे हुए पानी के प्रयोग के लिए संभावित उपयोगकर्ताओं की सहमति होनी चाहिए।

एक अन्य फ़ैसले में मुख्यमंत्री ने लुधियाना, जालंधर और अमृतसर की निगम हद से चार किलोमीटर की दूरी, निगम वाले शहरों और क्लास-ए शहरों से तीन किलोमीटर और बाकी शहरों से 2 किलोमीटर की दूरी पर हाईवे के साथ मिक्सड लैंड यूज जोनों में उद्योगों की स्थापना को अनुमति दे दी है। यह फ़ैसला औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए राज्यभर में अधिकतम स्थान प्रदान करने में सहायक होगा।

मुख्यमंत्री ने एस.ए.एस. नगर (मोहाली) में प्राईवेट डिवेल्परों के साथ-साथ गमाडा द्वारा विकसित किये जाने वाले सेक्टर 101 और 103 में औद्योगिक पार्क स्थापित करने के लिए बोर्ड के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।

उन्होंने बोर्ड को न्यू चण्डीगढ़ में 50 एकड़ क्षेत्रफल में आवासीय कालोनी की अनुमति दे दी है जिससे आबादी के घनत्व के नियमों के साथ छेड़छाड़ किये बगैर कम-से-कम अपेक्षित क्षेत्रफल 100 से घटकर 50 एकड़ हो गया। यह संशोधन न्यू चण्डीगढ़ में आवास की सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए रह गए इलाकों के उचित प्रयोग को यकीनी बनाने में सहायक होगा।

इस मौके पर स्थानीय निकाय मंत्री ब्रह्म मोहिन्द्रा, आवास एवं शहरी विकास मंत्री सुखबिन्दर सिंह सरकारिया, स्कूल शिक्षा और लोक निर्माण मंत्री विजय इंदर सिंगला, मुख्य सचिव विनी महाजन, वित्त कमिश्नर राजस्व रवनीत कौर, वित्त कमिश्नर ग्रामीण विकास सीमा जैन, अतिरिक्त मुख्य सचिव उद्योग एवं वाणिज्य हुस्न लाल, प्रमुख सचिव आवास एवं शहरी विकास सरवजीत सिंह, प्रमुख सचिव वातावरण और जलवायु परिवर्तन अनुराग वर्मा, प्रमुख सचिव स्थानीय निकाय अजोय सिन्हा, डायरेक्टर टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग प्रदीप अग्रवाल, चीफ़ टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग पंकज बावा के अलावा विभिन्न विकास अथॉरिटीयों के मुख्य प्रशासक भी उपस्थित थे।