नई रिसर्च की मानें तो जिन लोगों को डायबिटीज नहीं है उन्हें भी कोविड-19 संक्रमण होने के बाद डायबिटीज की बीमारी हो रही है. लिहाजा कोविड-19 के दौरान और उसके बाद भी कुछ लक्षणों की अनदेखी न करें उसी में आपकी भलाई है.

वैसे तो यह बात पूरी तरह से साबित हो चुकी है कि बच्चों से लेकर बुजुर्गों और स्वस्थ वयस्कों तक नए कोरोनावायरस (Coronavirus) की वजह से होने वाली बीमारी कोविड-19 (Covid-19) इंफेक्शन किसी को भी हो सकती है. लेकिन इनमें से कुछ लोग ऐसे जरूर हैं जिन्हें अगर यह इंफेक्शन हो जाए तो उनके गंभीर रूप से बीमार होने या कोविड-19 की वजह से मौत का खतरा बढ़ जाता है. इन लोगों की लिस्ट में बुजुर्गों के अलावा वे लोग भी शामिल हैं जिन्हें पहले से ही कोई बीमारी है जैसे- हृदय रोग, फेफड़ों का रोग, किडनी की बीमारी, कैंसर, मोटापा और डायबिटीज.


टाइप 2 डायबिटीज के मरीजों को गंभीर कोविड का खतरा सबसे अधिक


जिन लोगों को पहले से ही डायबिटीज (Diabetes) की बीमारी है उन्हें तो सतर्क रहने की जरूरत है ही लेकिन कोविड-19 को लेकर रोजाना जो नई रिसर्च सामने आ रही है उसके मुताबिक जिन लोगों में डायबिटीज की बीमारी की कोई इतिहास नहीं है उन लोगों में भी कोविड-19 होने के बाद डायबिटीज की बीमारी देखने को मिल रही है. अमेरिका के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) की मानें तो जिन लोगों को टाइप 2 डायबिटीज (Type 2 Diabetes) की बीमारी है उन्हें अगर कोविड-19 इंफेक्शन हो जाए तो उनके गंभीर रूप से बीमार होने का खतरा अधिक होता है और इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि उनकी उम्र क्या है.    

कोविड-19 की वजह से मरीजों को हो रहा डायबिटीज


किंग्स कॉलेज लंदन के प्रोफेसर फ्रांसेस्को रूबिनो कहते हैं, 'डायबिटीज और कोविड-19 के बीच जो रिलेशन है वो bidirectional है यानी दोनों दिशाओं में काम करता है. कोरोना वायरस महामारी की शुरुआत में ही यह पता चल गया था कि जिन लोगों को डायबिटीज की बीमारी है उन्हें गंभीर कोविड होने या कोविड की वजह से मौत का खतरा सबसे अधिक है. लेकिन उसके बाद एक्सपर्ट्स को ऐसे केस भी मिले जिसमें कोविड-19 के मरीज को पहले से डायबिटीज नहीं था लेकिन कुछ समय के बाद हो गया. इनमें से कुछ लोग तो ऐसे भी थे जिनमें डायबिटीज का कोई इतिहास नहीं था, लेकिन जिस वक्त उन्हें गंभीर कोविड-19 हुआ उस दौरान वे गंभीर डायबिटीज का भी अनुभव कर रहे थे. कुछ केस तो ऐसे भी थे जिसमें मरीज की फैमिली हिस्ट्री में भी किसी को डायबिटीज नहीं था.'

ऑटोइम्यून प्रतिक्रिया की वजह से होती है डायबिटीज की बीमारी

रुबिनो आगे कहते हैं, कोविड-19 की वजह से होने वाली डायबिटीज बीमारी के पीछे कारण क्या है ये बात पूरी तरह से अभी स्पष्ट नहीं है. लेकिन इतना जरूर है कि बाकी वायरल इंफेक्शन वाली बीमारियों में शरीर में एक ऑटोइम्यून प्रतिक्रिया होती है जो डायबिटीज को ट्रिगर करती है. तो कोविड-19 भी वायरस से होने वाली बीमारी ही है और हो सकता है कि वो भी इसी प्रक्रिया के तहत काम कर रही हो.  

इन लक्षणों को पहचानें

कोविड-19 इंफेक्शन के दौरान और उसके बाद भी अगर आपको खुद में ये लक्षण दिखें तो सतर्क हो जाएं क्योंकि ये डायबिटीज के लक्षण हो सकते हैं:
-बार-बार पेशाब आना
-भूख और प्यास का बढ़ जाना
-बहुत अधिक थकान महसूस होना