जालंधर:- कोरोना के कारण पिछले साल 18 मार्च को बंद किए गए ऐतिहासिक जंग-ए-आजादी यादगार को आम लोगों के लिए खोल दिया गया है। सोमवार को जंग-ए-आजादी यादगार को दोबारा खोलने की रस्म सैर सपाटा व सांस्कृतिक मामले के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजय कुमार ने निभाई। उनके साथ सांसद चौधरी संतोख सिंह, विधायक परगट सिंह, सुशील कुमार रिंकू, राजिंदर बेरी, चौधरी सुरिंदर सिंह, बावा हैनरी, पवन कुमार टीनू, डीसी घनश्याम थोरी, पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर, वरिष्ठ पत्रकार डा. बरजिंदर सिंह व पनसप के चेयरमैन तेजिंदर बिट्टू मौजूद थे।इस मौके पर संजय कुमार ने कहा कि यह यादगार देश की आजादी के संघर्ष में डाले गए बहुमूल्य योगदान को संजोकर रखने में अहम भूमिका निभा रहा है। कोरोना के कमजोर पड़ने के बाद यादगार को आम जनता के लिए सरकार की ओर से जारी हिदायतों की पालना करते हुए खोला गया है।
यह संस्थान नौजवान पीढ़ी को पंजाब की शानदार विरासत के साथ जोड़े रखने में अहम भूमिका निभाएगा। चौधरी संतोख सिंह ने कहा कि नई पीढ़ी को देश के आजादी संग्राम के बारे में ज्ञान देने के लिए यह ऐतिहासिक स्थान है। इस मौके पर सभी ने संस्थान का दौरा किया।इस मौके पर मेयर जगदीश राज राजा,पुडूचेरी के पूर्व उप-गवर्नर इकबाल सिंह, आइजी आरएस खट्टड़ा, एसएसपी संदीप गर्ग, एसएसपी कपूरथला कंवरदीप कौर, निगम कमिश्नर करनेश शर्मा, एडीसी हरप्रीत सिंह, सचिव आरटीए बरजिंदर सिंह, इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के करतारपुर के चेयरमैन राजिंदर पाल सिंह राणा, परमवीर सिंह, वरिष्ठ पत्रकार इरविन खन्ना, हरप्रीत सिंह, लवली ग्रुप के चेरयमैन रमेश मित्तल, नरेश मित्तल, सीटी ग्रुप के चेयरमैन चरनजीत सिंह चन्नी, चेयरमैन हवेली ग्रुप सतीश जैन, चेयरमैन सिटीजन अर्बन कोआपरेटिव बैंक केके शर्मा, दीपक बाली मौजूद थे।